3 नवंबर 2026 | जगदलपुर में कलेक्टर आकाश छिकारा की अध्यक्षता में समय-सीमा बैठक हुई। 15 नवंबर से धान खरीदी, आपदा राहत और विकास कार्यों में त...
3 नवंबर 2026 | जगदलपुर में कलेक्टर आकाश छिकारा की अध्यक्षता में समय-सीमा बैठक हुई। 15 नवंबर से धान खरीदी, आपदा राहत और विकास कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए गए।

- 15 नवंबर से 15 जनवरी तक धान खरीदी, लगभग 28 लाख क्विंटल का लक्ष्य
- उपार्जन केंद्रों पर नोडल अधिकारी नियुक्त होंगे और नियमित भौतिक सत्यापन होगा
- अतिवृष्टि से क्षति के मामलों में मौके पर भौतिक सत्यापन के निर्देश
जगदलपुर में कलेक्टर श्री आकाश छिकारा की अध्यक्षता में कलेक्टोरेट स्थित प्रेरणा कक्ष में मंगलवार को समय-सीमा की समीक्षा बैठक हुई। बैठक में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री तन्मय खन्ना, अपर कलेक्टर श्री सीपी बघेल और श्री डीआर डाहिरे, नगर निगम आयुक्त श्री प्रवीण वर्मा तथा सभी अनुविभागीय दंडाधिकारी उपस्थित रहे। जिले के सभी तहसीलदार, जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारी और खंड स्तरीय अधिकारी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से जुड़े।
कलेक्टर ने जनसमस्याओं के निराकरण और जनकल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। सभी अधिकारियों को फील्ड में सक्रिय रहकर लोक सेवाओं की सुलभता और विकास कार्यों को सुनिश्चित करने को कहा गया।
अतिवृष्टि से हुए मकान और फसल क्षति के मामलों में कलेक्टर ने सभी तहसीलदारों को मौके पर जाकर भौतिक सत्यापन करने को कहा। डिजिटल क्रॉप सर्वे के आंकड़े ग्राम सभाओं में पढ़कर सुनाने को कहा गया, ताकि रकबा और फसल से जुड़ी आपत्तियों का निराकरण हो सके। नामांतरण, बंटवारा और सीमांकन जैसे लंबित राजस्व प्रकरणों को प्राथमिकता से निपटाने के निर्देश भी दिए गए।
ग्रामीण विकास और अधोसंरचना पर जोर देते हुए सभी जनपद सीईओ को प्रत्येक ब्लॉक में बिहान कैंटीन, ग्रामीण लाइब्रेरी, खेल मैदान और आदर्श गोठान जैसे कार्य दो माह के भीतर मॉडल प्रोजेक्ट के रूप में पूरे करने को कहा गया। स्वास्थ्य क्षेत्र में सिकलसेल जांच, चिरायु योजना के तहत स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों में स्वास्थ्य शिविर और आयुष्मान कार्ड पंजीयन में तेजी लाने के निर्देश दिए गए। अंदरूनी इलाकों में मोबाइल टावरों के सिविल कार्य तेज करने और नए विद्युत सब-स्टेशनों के लिए राजस्व भूमि का चिन्हांकन जल्द पूरा करने को भी कहा गया।
बैठक में बताया गया कि आगामी धान खरीदी सत्र के लिए तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। इस वर्ष जिले में धान खरीदी 15 नवंबर से 15 जनवरी तक चलेगी, जिसमें लगभग 28 लाख क्विंटल उपार्जन का लक्ष्य रखा गया है। उपार्जन केंद्रों पर जिला स्तरीय अधिकारी नोडल अधिकारी होंगे, जो केंद्रों का नियमित भौतिक सत्यापन करेंगे।
केंद्रों पर चबूतरे, बारदानों की पर्याप्त आपूर्ति, फेंसिंग, सीसीटीवी कैमरे, तिरपाल और भूसे की व्यवस्था की जाएगी। रीसाइक्लिंग रोकने के लिए केंद्रों से धान का उठाव 15 जनवरी के बाद ही शुरू होगा। राजस्व और खाद्य विभाग को सीमावर्ती क्षेत्रों में कड़ी चैकसी बरतने के निर्देश दिए गए हैं।
स्रोत: जनसंपर्क विभाग, छत्तीसगढ़

कोई टिप्पणी नहीं