हाईकोर्ट ने कहा- ज्योतिषी की सलाह कानूनी आधार नहीं, सरनेम बदलने की याचिका खारिज: रायपुर: छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने सरनेम बदलने की मांग को लेकर...
हाईकोर्ट ने कहा- ज्योतिषी की सलाह कानूनी आधार नहीं, सरनेम बदलने की याचिका खारिज:
रायपुर: छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने सरनेम बदलने की मांग को लेकर दायर याचिका को यह कहते हुए खारिज कर दिया कि केवल ज्योतिषीय सलाह कानूनी रूप से मान्य कारण नहीं हो सकता। अदालत ने स्पष्ट किया कि किसी भी आधिकारिक दस्तावेज में नाम या सरनेम बदलने के लिए ठोस कारण और वैध प्रमाण आवश्यक होते हैं।
मामला एक युवक से जुड़ा है, जिसने CBSE बोर्ड से दसवीं और बारहवीं की परीक्षा पास की थी। उसकी मार्कशीट में उसका सरनेम 'सिदार' दर्ज था, लेकिन वह इसे बदलकर 'नायक' करना चाहता था। युवक ने अदालत में दलील दी कि एक ज्योतिषी ने उसे सरनेम बदलने की सलाह दी थी, जिससे उसका भविष्य बेहतर होगा।
हाईकोर्ट ने सुनवाई के दौरान स्पष्ट किया कि केवल ज्योतिषीय सलाह के आधार पर आधिकारिक रिकॉर्ड में बदलाव की अनुमति नहीं दी जा सकती। न्यायालय ने कहा कि नाम या सरनेम परिवर्तन के लिए उचित प्रशासनिक प्रक्रियाओं का पालन किया जाना चाहिए और इसके लिए वैध कारण प्रस्तुत किए जाने आवश्यक हैं।
अदालत के इस फैसले ने यह स्पष्ट कर दिया कि ज्योतिषीय सुझावों के आधार पर सरकारी दस्तावेजों में संशोधन संभव नहीं है और ऐसे मामलों में उचित कानूनी प्रक्रिया अपनाना आवश्यक होता है।
कोई टिप्पणी नहीं