"कोन्टा पुलिस का ग्राम सत्यापन अभियान तेज: चलित थाना लगाकर साइबर अपराध, महिला सुरक्षा और संदिग्ध व्यक्तियों को लेकर ग्रामीणों को किया ...
"कोन्टा पुलिस का ग्राम सत्यापन अभियान तेज: चलित थाना लगाकर साइबर अपराध, महिला सुरक्षा और संदिग्ध व्यक्तियों को लेकर ग्रामीणों को किया जागरूक"
कोन्टा, सुकमा | 20 जुलाई 2026।(रोमेश नामदेव ) सुकमा जिले के थाना कोन्टा पुलिस द्वारा क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाने तथा ग्रामीणों के साथ बेहतर समन्वय स्थापित करने के उद्देश्य से ग्राम सत्यापन, चलित थाना और जनजागरूकता अभियान लगातार चलाया जा रहा है। इसी कड़ी में सोमवार को थाना कोन्टा क्षेत्र के ग्राम पोट्टेमंगू एवं डोंडरा में विशेष अभियान आयोजित किया गया।
पुलिस टीम ने ग्राम पोट्टेमंगू पहुंचकर गांव के प्रमुख नागरिकों से चर्चा की और ग्राम सत्यापन की प्रक्रिया पूरी की। इस दौरान पोस्ट नक्सल मूल्यांकन चेकलिस्ट भी भरी गई तथा आत्मसमर्पित नक्सलियों का सत्यापन कर उनकी वर्तमान स्थिति की जानकारी जुटाई गई। अभियान का उद्देश्य क्षेत्र में शांति एवं सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाना तथा ग्रामीणों का विश्वास बनाए रखना है।
इसके बाद ग्राम डोंडरा में चलित थाना का आयोजन किया गया, जहां बड़ी संख्या में ग्रामीणों को साइबर अपराधों के बढ़ते मामलों के प्रति जागरूक किया गया। पुलिस अधिकारियों ने ऑनलाइन ठगी, फर्जी कॉल, ओटीपी साझा करने, बैंकिंग धोखाधड़ी और सोशल मीडिया के माध्यम से होने वाले साइबर फ्रॉड से बचने के आसान और प्रभावी उपाय बताए। ग्रामीणों से किसी भी संदिग्ध कॉल, लिंक या ऑनलाइन लेनदेन के प्रति सतर्क रहने की अपील की गई।
कार्यक्रम के दौरान महिला सुरक्षा से जुड़े कानूनों और महिला संबंधी अपराधों के प्रति भी लोगों को जागरूक किया गया। पुलिस ने महिलाओं एवं बालिकाओं से किसी भी प्रकार की घटना होने पर तत्काल पुलिस से संपर्क करने तथा बिना डर के शिकायत दर्ज कराने का आग्रह किया।
पुलिस ने ग्रामीणों से कहा कि यदि गांव में कोई अवैध अप्रवासी, संदिग्ध व्यक्ति, अज्ञात फेरीवाला अथवा बाहरी व्यक्ति आता है तो इसकी सूचना तुरंत कोटवार अथवा सीधे थाना कोन्टा को दें। समय पर सूचना मिलने से किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सकता है और क्षेत्र की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सकती है।
इसके अलावा ग्रामीणों को अपने मवेशियों को घरों में सुरक्षित रखने तथा उन्हें सड़क पर खुला नहीं छोड़ने की सलाह दी गई। पुलिस ने बताया कि इससे सड़क दुर्घटनाओं में कमी आएगी और पशुओं की सुरक्षा भी सुनिश्चित होगी।
सुकमा पुलिस का कहना है कि जिले में ग्राम सत्यापन, चलित थाना, साइबर जागरूकता और सुरक्षा संबंधी अभियान लगातार जारी रहेंगे। इन अभियानों के माध्यम से पुलिस और ग्रामीणों के बीच विश्वास, संवाद और सहयोग को मजबूत किया जा रहा है, ताकि क्षेत्र में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के साथ-साथ आम नागरिकों की सुरक्षा भी सुनिश्चित की जा सके।



कोई टिप्पणी नहीं